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है जवानी तो इश्क होना है पर उठ रहे सवाल

मुंबई  बॉलीवुड की अपकमिंग फिल्म है जवानी तो इश्क होना है का पहला लुक रिलीज हो गया है, जिसने दर्शकों के बीच खासी चर्चा बटोरी है। फिल्म में वरुण धवन, मृणाल ठाकुर और पूजा हेगड़े तीनों के बीच बेहतरीन केमिस्ट्री दिखाई गई है, जो फिल्म का एक मजबूत पक्ष हो सकती है, लेकिन फिल्म को लेकर सारा सस्पेंस पहले लुक में ही खुलकर सामने आ चुका है, जिससे इसकी मौलिकता पर सवाल उठ रहे हैं। लोगों का कहना है कि यह एक पुराने गिफ्ट को नई पैकिंग के साथ सिनेमाघरों में उतारा जा रहा है। है जवानी तो इश्क होना है में वरुण धवन एक साथ दो-दो पत्नियों के साथ दोहरी जिंदगी जीते हुए नजर आने वाले हैं। फिल्म में मृणाल ठाकुर उनकी पहली पत्नी की भूमिका में हैं, जबकि पूजा हेगड़े उनकी दूसरी पत्नी का किरदार निभा रही हैं। इस प्लॉट को देखकर तुरंत बॉलीवुड के हीरो नंबर 1 गोविंदा की क्लासिक कॉमेडी फिल्मों सैंडविच और साजन चले ससुराल की यादें ताजा हो जाती हैं। कुल मिलाकर, यह कहना गलत नहीं होगा कि दर्शकों को सलमान खान के गाने के टाइटल और गोविंदा की फिल्मों की स्क्रिप्ट का एक मिक्स कॉकटेल देखने को मिल सकता है। 

गोविंदा की फिल्म सैंडविच सभी को याद होगी, जिसमें वह महिमा चौधरी और रवीना टंडन दोनों से शादी कर लेते हैं और दोनों के दो बच्चों (टोनी और टुकटुक) को जन्म देती हैं, जिनकी शक्लें एक जैसी होती हैं क्योंकि दोनों के पिता गोविंदा ही हैं। है जवानी तो इश्क होना है के पहले लुक में भी इसी तरह की थीम देखने को मिल रही है, जहां 2 एआई (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) से जेनरेट किए गए बच्चे दिखाए गए हैं। ये बच्चे पहले अपनी मम्मी का नाम बताते हैं और फिर अपने पापा का। जब दोनों के पापा का नाम सेम निकलता है, तो वे मासूमियत से सवाल करते हैं, कहीं हमारे पिता एक ही तो नहीं? यह सीन फिल्म की केंद्रीय कहानी को सीधे तौर पर उजागर करता है।

 पहले लुक से यह साफ है कि वरुण धवन की अपकमिंग फिल्म सैंडविच और साजन चले ससुराल जैसी गोविंदा की सुपरहिट फिल्मों से काफी प्रेरित है। यह संयोग की बात नहीं है कि साजन चले ससुराल का निर्देशन वरुण धवन के पिता, डेविड धवन ने किया था, और इस नई फिल्म का निर्देशन भी वही कर रहे हैं। डेविड धवन अपनी कॉमेडी फिल्मों के लिए जाने जाते हैं, जिनमें हंसी की कमी नहीं होती। उनकी फिल्में दर्शकों को खुलकर हंसने पर मजबूर कर देती हैं और बॉक्स ऑफिस पर अक्सर सफल रहती हैं। ऐसे में दर्शकों और फिल्म समीक्षकों के मन में यह सवाल उठ रहा है कि क्या वरुण धवन की यह फिल्म पर्दे पर वहीं कमाल कर पाएगी, जो गोविंदा की फिल्में करती थीं? क्या वरुण धवन गोविंदा के कॉमेडी स्टाइल और टाइमिंग को सफलतापूर्वक दोहरा पाएंगे? फिल्म में मृणाल ठाकुर और पूजा हेगड़े का ग्लैमर और अभिनय दर्शकों को कितना प्रभावित करता है, यह देखना दिलचस्प होगा। 

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