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पीएम मोदी की यात्रा से सामरिक कायापलट तक

नई दिल्ली। जनवरी 2024 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की लक्षद्वीप यात्रा की तस्वीरें वायरल होने के बाद बॉयकॉट मालदीव और एक्सप्लोर लक्षद्वीप की बहस छिड़ी थी। इन दो सालों में, कोच्चि से 220-440 किलोमीटर दूर स्थित 36 द्वीपों के समूह में पर्यटन, बुनियादी ढांचे और सामरिक मौजूदगी के लिहाज से बड़ा बदलाव आया है। कुल 32 वर्ग किलोमीटर भू-क्षेत्र वाले इस केंद्र शासित प्रदेश में केवल 10 द्वीप आबाद हैं।

दशकों तक लक्षद्वीप तक पहुंच चुनौतीपूर्ण थी, अगत्ती में केवल एक छोटा एयरस्ट्रिप था। पीएम मोदी की यात्रा ने लक्षद्वीप राष्ट्रीय पर्यटन मानचित्र पर प्रमुखता से ला दिया, जिससे पर्यटकों की संख्या तीन गुना बढ़ी है। नए बीच रिसॉर्ट्स, होमस्टे और बेहतर हेलीकॉप्टर कनेक्टिविटी की योजनाएं आकार ले रही हैं। केंद्र सरकार दोहरे उपयोग वाले बुनियादी ढांचे पर जोर दे रही है। अगत्ती एयरफील्ड के विस्तार और मिनिकॉय में नौसेना बेस के साथ नया सैन्य-सिविल एयरफील्ड विकसित हो रहा है।

2023 तक लक्षद्वीप में नौसेना की उपस्थिति सीमित थी। पीएम मोदी की यात्रा के दो महीने बाद, 6 मार्च 2024 को, मिनिकॉय में आईएनएस जटायु को कमीशन किया गया, जिसने पुराने नौसैनिक डिटैचमेंट को एक पूर्ण इकाई में बदल दिया। लक्षद्वीप का सबसे दक्षिणी द्वीप मिनिकॉय, महत्वपूर्ण आठ और नौ डिग्री चौनलों के पास स्थित है। आईएनएस जटायु समुद्री डकैती, नशीले पदार्थों की तस्करी और महत्वपूर्ण समुद्री मार्गों की निगरानी में अहम भूमिका निभा रहा है।

लक्षद्वीप का सबसे छोटा आबाद द्वीप बिटरा अब एक तीसरे नौसैनिक ठिकाने का केंद्र बनने की तैयारी में है। यहां नौसेना का फॉरवर्ड ऑपरेटिंग बेस (एफओबी) बनाने के लिए भूमि अधिग्रहण हेतु सोशल इम्पैक्ट असेसमेंट चल रहा है। इसका उद्देश्य उत्तरी लक्षद्वीप में निगरानी बढ़ाना और नौसेना की ऑपरेशनल पहुंच को विस्तार देना है। स्थानीय निवासियों में उम्मीद के साथ विस्थापन की चिंता भी है।

अधिकारियों के मुताबिक,बदलाव के पीछे केवल पर्यटन नहीं, बल्कि सुरक्षा भी एक बड़ी वजह है। हिंद महासागर क्षेत्र में चीनी रिसर्च जहाजों की मौजूदगी और समुद्री डकैती की घटनाओं के बीच लक्षद्वीप रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण हो गया है। मार्च 2024 में आईएनएस विक्रांत और आईएनएस विक्रमादित्य की लक्षद्वीप के पास तैनाती ने भारत की बढ़ती समुद्री ताकत का स्पष्ट संदेश दिया।

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